अलीगढ़: बलात्कार की शिकार चार वर्षीय मासूम की मौत, एसएसपी ने लापरवाही के आरोप में थानाध्यक्ष इगलास निलंबित

अलीगढ़ बलात्कार की शिकार चार वर्षीय मासूम की मौत, एसएसपी ने लापरवाही के आरोप में थानाअध्यक्ष इगलास निलंबित, जिलाधिकारी द्वारा 10  लाख रुपए की पीड़ित को दी गई आर्थिक मदद


 


14 सितंबर को 4 वर्षीय मासूम के साथ मौसी के बेटे ने दिया था बलात्कार की घटना को अंजाम। घटना के कई दिन बीत जाने के बाद मुकदमा दर्ज ना होता देख पीड़ित के पिता ने अलीगढ़ के एसएसपी से लगाई थी न्याय की गुहार। जिसके बाद इगलास पुलिस ने 21 सितंबर को दर्ज की थी एफआईआर। मृतका को उपचार के लिए भेजा गया था जिला अस्पताल। जहां डॉक्टरों ने बच्ची की हालत को नाजुक देखते हुए हायर सेंटर कर दिया गया था रेफर। घटना के करीब 25 दिन बीत जाने के बाद किशोरी के अस्पताल में हुई मौत।


 


हाथरस के थाना सादाबाद क्षेत्र के मई जटोई निवासी 6 वर्षीय मासूम बालिका का मौसी के गांव मृतका की मौसी के ही बेटे कृष्णा ने अलीगढ़ जिले के इगलास थाना क्षेत्र के गांव पिथेर में किया था 14 सितम्बर बलात्कार। बलात्कार के आरोपी युवक कृष्णा को बचाते हुए जहां इगलास पुलिस ने मौसी के दिमागी तौर से निर्दोष पागल बेटे को आरोपी बनाते हुए जेल भेज दिया गया।,4 वर्षीय किशोरी की मौत की सूचना मिलते ही इगलास थानाअध्यक्ष पीड़ित पिता के पास पहुंचे। जहां करीब 50 लोगों के बीच में पहुंचने के बाद थानाअध्यक्ष महोदय ने मृतका के पिता को जमकर गाली गलौज कर धमकाते हुए रिपोर्ट गलत लिखने की की बात की। जहां घटना को 23 दिन गुजरने और किशोरी की मौत के बाद पीड़ित पिता ने थानाअध्यक्ष के खिलाफ कार्यवाही की मांग करते हुए जाम लगाकर इंसाफ न मिलने तक किशोरी को दफनाने से साफ तौर पर इंकार कर दिया।


 


इलाज के दौरान बलात्कार की शिकार 4 वर्षीय मासूम बालिका ने अस्पताल में दम तोड़ दिया है। मृतका किशोरी के शव को गांव में लाये है जिसके बाद कल रात से ही शव को रोड पर रखकर जाम लगा रखा है। वही बलात्कार की शिकार मासूम मृतक किशोरी का पिता असली आरोपी को पकड़ने और इलाका ईन्स्पेक्टर को सस्पेंड करने की मांग कर रहे है। बड़ी बेटी को भी मौसी के चंगुल से मुक्त कराने की भी है मांग,भारी मात्रा में पुलिस फोर्स मौके पर।


 


आपको बताते चलें उत्तर प्रदेश के जनपद अलीगढ़ के अंदर लूट चोरी हत्या और बलात्कार जैसी जघन्य घटना होने के बावजूद अलीगढ़ के एसएसपी शहर के अंदर बढ़ रहे अपराधों पर अंकुश लगाने की बजाए निरंकुश नजर आ रहे हैं जहां दिनांक 17-09-2020 को 4 साल की मासूम बच्ची के साथ बलात्कार की घटना को अंजाम दिया गया था। अलीगढ़ का पुलिस प्रशासन पूरे मामले को मामले को दबाने में जुटा रहा यही कारण था। कि घटना के कई दिन बीत जाने के बाद भी अलीगढ़ का पुलिस प्रशासन इस जघन्य अपराध पर कुछ भी बोलने से कतरा रहा था। जहां मासूम बच्ची की हालत लगातार नाजुक बनी हुई थी। पीड़ित के पिता ने तहरीर में कहा था। कि उनकी साली की देखरेख में साली के छोटे बेटे ने मासूम के साथ गलत काम किया था। साली ने भी बच्ची का उत्पीड़न किया था। इस घटना के संबंध में दो वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो गए थे। जिसमें बच्ची शौचालय में अर्द्धनग्न हालत में पड़ी हुई थी। और डॉक्टरों द्वारा उसके प्राइवेट पार्ट से कीड़े निकाले जा रहे थे। जो तस्वीरें इंसान की रूह को कपा देने और झकझोर के रख देने के बाद विचलित कर देने वाले थे।


 


अलीगढ़ चार साल की मासूम बच्ची बलात्कार की घटना के बाद जिंदगी और मौत के बीच अस्पताल में झूल रही थी। वहीं घटना को कई दिन गुजरने और कई घंटे से ज्यादा समय बीतने के बाद अलीगढ़ पुलिस और प्रशासन मामले को दबानेे में जुटा रहा था। जहां रिश्तो को शर्मसार कर कलंकित करते हुए निर्दयता की हदों को पार कर चार साल की मासूम बच्ची के साथ दरिंदगी की हदें पार करते हुए हवस के भूखे भेड़िए ने बलात्कार कर अपनी हवस का शिकार बना लिया गया था। जहां बलात्कार के बाद मासूम बच्ची इस वक्त जिंदगी और मौत के बीच अस्पताल के अंदर दम तोड़ दिया है बच्ची का जिला चिकित्सालय में इलाज कराया गया। जहां डॉक्टरों ने उसकी हालत को देखते हुए अलीगढ़ के जेएन मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया जहां बच्ची का इलाज कई दिन तक जारी रहा। जिसके बाद जैन मेडिकल कॉलेज के डॉक्टर ने मासूम बच्ची की हालत को गंभीर देखते हुए दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल रेफर कर दिया गया। जहां कल बलात्कार की शिकार 4 वर्षीय मासूम बच्ची ने दम तोड़ दिया गया। उसके बाद डॉक्टरों ने बच्ची का पोस्टमार्टम करते हुए शव परिजनों को सौंप दिया गया था।


 


दिनांक 19.09.2020 को नाबालिक के साथ उत्पीड़न के क्रम में  पीडित सोनिया उम्र लगभग 4 वर्ष के पिता रमेश चंद पुत्र भगवान सिंह निवासी ग्राम जटोइ थाना सादाबाद जिला हाथरस के प्रार्थना पत्र के आधार पर थाना इगलास पर दिनांक 21.09.2020 को मुकदमा अपराध संख्या 485 /2020 धारा 323, 342, 376,120 बी व धारा 5/6  पोस्को एक्ट वनाम  1.कृष्णा पुत्र रमाकांत 2.मीनेश देवी पत्नी रमाकांत निवासीगण पिथैर थाना इगलास अलीगढ़ पंजीकृत किया गया ।


 


अलीगढ़ के एसएसपी मुनिराज ने पूरी घटना में शामिल आरोपी मौसी की गिरफ्तारी ना कर पाने के आरोप में इगलास थानाध्यक्ष को लापरवाही बरतने के चलते निलंबित कर दिया गया।


 


अलीगढ़ जनपद इगलास थानाक्षेत्र में एक बच्ची के साथ मौसेरे भाई के द्वारा रेप की घटना संज्ञान में आई है। इसके संबंध में इगलास थाने में संबंधित धाराओं में एफआईआर दर्ज कर मुख्य आरोपी को जेल भेज दिया है तथा लापरवाही के चलते एसओ इगलास को निलंबित किया गया है। साथ ही पीड़ित परिवार को 10 लाख रुपये की आर्थिक मदद भी दी जा रही है।


 


वही पीड़ित पिता का कहना है कि बेटी के साथ हुई जब इस घटना की सूचना मिली तो वह घटना की सूचना मिलते ही 2 घंटे बाद घटनास्थल पर पहुंच गए थे। लेकिन इस दौरान कोतवाली इगलास पुलिस बलात्कार की घटना का मुकदमा दर्ज करने के बजाए मासूम बच्ची के पिता को इधर से उधर अलीगढ़ पुलिस दौड़ती रहीं थी। पुलिस की कार्यप्रणाली से नाखुश पीड़ित पिता ने अलीगढ़ के एसएसपी कार्यालय पहुंचकर अपनी मासूम बेटी के लिए न्याय की गुहार लगाई थी। जिसके बाद पीड़ित पिता ने कहा कि कई घंटे घटना को होने के बाद अलीगढ़ के एसएसपी से शिकायत करने के बाद मुकदमा दर्ज हो सका था।


 


 जिस मासूम ने अपनी मां की कोख में 9 महीने रहने के बाद जन्म तो ले लिया लेकिन इस दुनिया मैं आकर मासूम बच्ची आंखें खोलते हुए जमीन पर ठीक से कदम भी नहीं रख पाई थी। जिसके बाद आज से करीब कुछ महीने पहले जनवरी में मासूम बच्ची की मां की मौत हो गई। मां की मौत के बाद मां को मौसी का दर्जा दिया जाता है। लेकिन उसी मौसी मां के बेटे कृष्णा द्वारा चार साल की मासूम बच्ची को अपनी हवस का शिकार बनाते हुए बलात्कार की घटना को अंजाम दिया गया था।


 


दर्द देते हैं यह जख्म जब नासूर बन जाते हैं। बात यह नहीं कि जख्म किसने दिए है। लेकिन जख्म उस वक्त बड़े बन जाते हैं। जब वह जख्म अपनों के ही द्वारा दिए जाते हैं। उन्हीं जख्मों का आज यह चार साल की मासूम बच्ची अपने पिता की गोद में लेट कर चिल्लाते हुए उन जख्मों का हिसाब मांग रही थी। जिस पिता ने अपनी पत्नी की मौत के बाद रहने के लिए अपनी बच्ची को मौसी के हाथों में सौंप दिया गया था। लेकिन इस पिता ने कभी सपने में भी नहीं सोचा था कि उसकी मासूम बच्ची के साथ में साली के बेटे कृष्णा उम्र 12 साल ने 4 साल की बच्ची के साथ हैवानियत की हदों को पार करते हुए बलात्कार की घटना को अंजाम दिया जाएगा।


 


उत्तर प्रदेश के जनपद हाथरस के गांव जटोई थाना सादाबाद के रहने वाले रमेश चंद की पत्नी लक्ष्मी देवी की आज से कुछ महीनों पहले 18-01-2020 को मृत्यु हो चुकी थी लेकिन मृत्यु होने से पहले लक्ष्मी देवी चार बच्चों को जन्म भी दिया था पत्नी की मौत के बाद रमेश के चार बच्चे में सबसे बड़ी बेटी काजल है 14 वर्षीय है वही बेटे कृष्णा ने  4 साल की मासूम बेटी सोनिया है जहां पत्नी की मौत के बाद रमेश चंद्र कि साली मिनेश थाना इगलास जिला अलीगढ़ के गांव की रहने वाली लड़के की शादी का बहाना बनाकर 4 साल की मासूम बच्ची को अपने गांव ले आई। जिसके बाद 4 साल के मासूम बेटी के साथ मौसी मिनेश ने अत्याचार करना शुरू करते हुए बाथरूम के अंदर मारपीट कर बंद कर प्रताड़ना देते हुए प्रताड़ित किया जाने लगा था। इस दौरान जब बच्ची बाथरूम के अंदर बंद होकर रो रही थी। तभी पड़ोस के रहने वाले लोगों ने मासूम बच्ची के चीख-पुकार सुनने के बाद मौके पर पहुंचे थे। तो उसी दौरान गांव के रहने वाले हरी बाबू के द्वारा चाइल्ड हेल्पलाइन के नंबर 1098 पर शिकायत दर्ज कराई गई। घटना की सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस ने मौसी के चुंगल से मासूम बच्ची को बाथरूम से निकाल कर बच्ची की हालत को नाजुक देखते हुए उपचार के लिए अस्पताल भिजवाया गया था।


 


पूरा मामला अलीगढ़ जिले के कोतवाली इगलास के गांव पिथेर का है। जहां अपनी मौसी के यहाँ रह रही चार वर्षीय बच्ची को परिवार के ही वैहसी दरिंदे ने अपनी हवस का शिकार बना लिया,जिसने भी सुना सुनकर दंग रह गया था। बच्ची की हालात काफी नाजुक बनी हुई थी। परिवार वालों के साथ साथ पूरे गांव में बहसी दरिंदे के खिलाफ रोष व्याप्त हो गया था, चार साल की मासूम बच्ची के साथ बलात्कार की घटना को कई घंटों से ज्यादा समय बीत चुका था। लेकिन अलीगढ़ का प्रशासन और पुलिस प्रशासन इस मामले को दबाते हुए कुछ भी बोलने से साफ तौर पर इंकार कर दबाने में जुटा रहा था।


सलाम इंडिया